अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर खत्म होने में सिर्फ एक दिन का समय ही बचा है। इस बीच पाकिस्तान के इस्लामाबाद में दोनों देश के बीच एक बार फिर वार्ता के लिए तैयार हो रही है। हालांकि बातचीत पर संस्पेंस अब

अमेरिका और ईरान के बीच सीजफायर खत्म होने में सिर्फ एक दिन का समय ही बचा है। इस बीच पाकिस्तान के इस्लामाबाद में दोनों देश के बीच एक बार फिर वार्ता के लिए तैयार हो रही है। हालांकि बातचीत पर संस्पेंस अब भी बना हुआ है। अमेरिका वार्ता के लिए इस्लामाबाद अपना डेलिगेशन भेज गया है, लेकिन ईरान बातचीत में हिस्सा लेगा या नहीं, इस पर अभी तक कोई अपडेट नहीं आया है। न ही ईरानी डेलिगेशन अब तक इस्लामाबाद के लिए रवाना हुआ है।

  • Facebook Share Icon
  • Twitter Share Icon
  • WhatsApp Share Icon
 
Follow : Google News Icon
news image
news image | Image: news image

अपने प्रशासन द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान के मामले में हमारे पास कोई विकल्प नहीं था। ऐसा नहीं था कि हमारे पास कोई विकल्प था। हमें यह करना ही पड़ा। उन्होंने आगे दावा किया कि उनकी टीम ने शानदार काम किया है, और हम इसे सुलझा लेंगे, और सभी लोग खुश होंगे।

इससे पहले सोमवार (20 अप्रैल) को ट्रंप ने Truth Social पर 50 मिनट के अंदर चार पोस्ट कर संघर्ष का बचाव किया था। इस दौरान उन्होंने समझौते पर न पहुंचने की स्थिति में ईरानी बिजली संयंत्रों को निशाना बनाने की धमकी को भी दोहराया। ट्रंप ने ऑपरेशन मिडनाइट हैमर के प्रभाव का बखान करते हुए इसे ईरान में परमाणु धूल स्थलों का पूर्ण और कुल विनाश बताया।अपने प्रशासन द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान के मामले में हमारे पास कोई विकल्प नहीं था। ऐसा नहीं था कि हमारे पास कोई विकल्प था। हमें यह करना ही पड़ा। उन्होंने आगे दावा किया कि उनकी टीम ने शानदार काम किया है, और हम इसे सुलझा लेंगे, और सभी लोग खुश होंगे।

इससे पहले सोमवार (20 अप्रैल) को ट्रंप ने Truth Social पर 50 मिनट के अंदर चार पोस्ट कर संघर्ष का बचाव किया था। इस दौरान उन्होंने समझौते पर न पहुंचने की स्थिति में ईरानी बिजली संयंत्रों को निशाना बनाने की धमकी को भी दोहराया। ट्रंप ने ऑपरेशन मिडनाइट हैमर के प्रभाव का बखान करते हुए इसे ईरान में परमाणु धूल स्थलों का पूर्ण और कुल विनाश बताया।

अपने प्रशासन द्वारा की गई सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने जोर देकर कहा कि ईरान के मामले में हमारे पास कोई विकल्प नहीं था। ऐसा नहीं था कि हमारे पास कोई विकल्प था। हमें यह करना ही पड़ा। उन्होंने आगे दावा किया कि उनकी टीम ने शानदार काम किया है, और हम इसे सुलझा लेंगे, और सभी लोग खुश होंगे।

Advertisement

इससे पहले सोमवार (20 अप्रैल) को ट्रंप ने Truth Social पर 50 मिनट के अंदर चार पोस्ट कर संघर्ष का बचाव किया था। इस दौरान उन्होंने समझौते पर न पहुंचने की स्थिति में ईरानी बिजली संयंत्रों को निशाना बनाने की धमकी को भी दोहराया। ट्रंप ने ऑपरेशन मिडनाइट हैमर के प्रभाव का बखान करते हुए इसे ईरान में परमाणु धूल स्थलों का पूर्ण और कुल विनाश बताया

Published By:
 Shamsher Usmani
पब्लिश्ड