EXCLUSIVE/ अतीक अहमद: एक युग के अपराधी-राजनीतिज्ञ
नीचे अतीक अहमद से जुड़े फेमस हत्या मामलों पर आधारित एक समग्र और सटीक हिंदी में लेख प्रस्तुत है। इसमें प्रमुख घटनाओं, जांच प्रगति और समसामयिक अपडेट शामिल हैं
- भारत
- 2 min read
प्रारंभिक जीवन और अपराध-राजनीति का उभार
प्रारंभिक जीवन और अपराध-राजनीति का उभार
अतीक अहमद का जन्म 10 अगस्त 1962 को प्रयागराज (पहले का इलाहाबाद) में हुआ था। उनके पिता एक टेंगा चालक थे। पढ़ाई में असफल होने के बाद उन्होंने 17 वर्ष की उम्र में ही रंगदारी वसूलने और अपराध में कदम रखा WikipediaIndia Today।
1989 में उन्होंने निर्दलीय रूप से विधायक पद हासिल किया। बाद में पाँच बार विधायक और एक बार लोकसभा सदस्य भी बने Dainik BhaskarWikipedia।
आपराधिक इतिहास
उनके खिलाफ 1979 से लेकर 2023 तक 160 से अधिक आपराधिक मामले, जिनमें हत्या, अपहरण और रंगदारी शामिल हैं, दर्ज थे WikipediaIndia TodayBusiness Today।
उन्हें गन, धमकी और गवाहों को डराने जैसे कई अपराधों का आरोपी माना जाता था
प्रमुख हत्या मामले
1. राजू पाल हत्या (2005)
राजू पाल, बसपा विधायक और अतीक के राजनीतिक प्रतिद्वंद्वी, को 25 जनवरी 2005 को खुलेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई। उनके पीछे प्रमुख आरोपी अतीक और उनके भाई खालिद अजम (आश्रफ) माने गए Wikipedia+1News18।
इस हत्या की वजह से चुनाव कराए गए, जिसमें खुशमिजाज अंदाज में आश्रफ विरोधी से हार गए Wikipedia+1।
2. उमेश पाल हत्या (2023)
उमेश पाल, जो कि राजू पाल हत्याकांड का गवाह था, को 24 फरवरी 2023 को प्रयागराज में गोली मारकर हत्यारत कर दिया गया। इस घटना में उनके सुरक्षा गार्ड भी मर गए The HinduThe New Indian ExpressNews18।
इस मामले में अतीक, आश्रफ, उनकी पत्नी शैस्ता परवीन, उनके दो बेटों और अन्य सहयोगियों जैसे गुड्डू मुस्लिम और घुलाम पर मुकदमा दर्ज हुआ था News18।
पुलिस ने परिसर में अफसरों द्वारा चल रही गांगस्टर-शासित व्यवस्था को चुनौती देते हुए कार्रवाई की। अतीक के करीबी परिवार के घरों पर भी बाद में जबरदस्त प्रशासनिक कार्रवाई हुई
Published By : Himanshu Badyal
पब्लिश्ड 27 August 2025 at 17:05 IST